SEO Kaise Kare – In Hindi

इस आर्टिकल में मैंने आपको बताने वाला हूँ की SEO Kaise Kare in Hindi. अगर आप seo करने के बारे में जानना चाहते है तो इस आर्टिकल को अंत तक जरूर पढ़ें।

SEO करने का बहोत सारे तरीका है, सबसे पहले आपको seo सीखना होगा।

SEO Kya Hai

SEO Kaise Kare in Hindi

SEO या सर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन एक ऐसी तकनीक है जिसके द्वारा हम अपने पोस्ट या पेज को किसी भी सर्च इंजन में टॉप पर लाते हैं, या रैंक करते हैं। हम सभी जानते हैं कि सर्च इंजन क्या होता है। जब सर्च इंजन की बात आती है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि Google पूरी दुनिया में सबसे लोकप्रिय सर्च इंजन है, इसके अलावा बिंग, याहू जैसे और भी सर्च इंजन हैं। SEO की मदद से हम अपने ब्लॉग को सभी सर्च इंजन पर नंबर 1 पर रख सकते हैं।

उदाहरण के लिए अगर हम गूगल में जाकर कोई कीवर्ड टाइप करके सर्च करते हैं तो गूगल आपको उस कीवर्ड से संबंधित सभी कंटेंट दिखाता है। ये सभी सामग्री जो हम देखते हैं वह अलग-अलग ब्लॉगों से आती है।

वेबसाइट को पहले पेज पर लाना जरूरी है क्योंकि ज्यादातर लोग पहले पेज पर आने वाली वेबसाइट पर जाना पसंद करते हैं और इसके लिए हमें SEO को फॉलो करना होता है।


SEO Kaise Kare in Hindi

SEO कई प्रकार के होते हैं, लेकिन उनमें से मुख्य रूप से 2 प्रकार को अधिक महत्व दिया जाता है।

1. ऑन पेज एसईओ

2. ऑफ पेज एसईओ

ऑन पेज एसईओ

On-Page seo उन्हें कहा जाता है जो आपकी वेबसाइट के Elements से संबंधित होते हैं। ऑन-पेज एसईओ में तकनीकी सेट-अप, आपके कोड की गुणवत्ता, पाठ्य और दृश्य सामग्री, साथ ही आपकी साइट की उपयोगकर्ता-मित्रता शामिल है।

1. मेटा टाइटल: यह आपकी वेबसाइट को प्राइमरी कीवर्ड्स की मदद से बताता है और यह 55-60 कैरेक्टर्स के बीच होना चाहिए, क्योंकि इससे ज्यादा होने पर ये गूगल सर्च में छिपे हो सकते हैं।

2. मेटा विवरण: यह वेबसाइट को परिभाषित करने में मदद करता है। वेबसाइट के प्रत्येक पृष्ठ में एक अद्वितीय मेटा विवरण होना चाहिए। जो साइटलिंक्स को SERPs में उन्हें अपने आप दिखाने में मदद करता है।

3. एंकर टेक्स्ट: आपका एंकर टेक्स्ट और यूआरएल दोनों एक दूसरे से मेल खाना चाहिए, इससे रैंक करना आसान हो जाता है।

4. Url स्ट्रक्चर: आपकी वेबसाइट का url स्ट्रक्चर ठीक होना चाहिए, साथ ही यह seo-Friendly भी होना चाहिए ताकि उन्हें आसानी से रैंक किया जा सके। साथ ही प्रत्येक url में एक लक्षित कीवर्ड होना चाहिए, अर्थात आपको अपने url से मेल खाना चाहिए।

5. इमेज ऑल्ट टैग: हर वेबसाइट में इमेज होते हैं लेकिन गूगल उन्हें समझ नहीं पाता है, इसलिए इमेज के साथ-साथ हमें एक ऑल्ट टेक्स्ट भी देना चाहिए ताकि सर्च इंजन उन्हें आसानी से समझ सके।

6. Header Tags: ये बहुत महत्वपूर्ण हैं, साथ में ये पूरे पेज को सही ढंग से categorize करने में बहुत योगदान देते हैं।

7. Robots.txt: यह आपकी वेबसाइट को Google में Index करने के लिए बहुत जरूरी है। जिन वेबसाइटों में robot.txt है, उन्हें जल्द ही अनुक्रमित किया जाता है।

8. साइटमैप: साइटमैप का उपयोग वेबसाइट पृष्ठों को क्रॉल करने के लिए किया जाता है ताकि Google स्पाइडर आपके पृष्ठों को आसानी से क्रॉल कर सके और उन्हें अनुक्रमित कर सके। sitemap.xml जैसे कई अलग-अलग साइटमैप हैं।


ऑफ पेज एसईओ

दूसरी ओर ऑफ-पेज seo आता है, जैसे अन्य वेबसाइटों के लिंक, सोशल मीडिया का ध्यान और अन्य मार्केटिंग गतिविधियाँ जो आपकी वेबसाइट से अलग हैं। इसमें आपको quality backlinks के अधिक उपाय देने होते हैं, जिससे आप अपनी वेबसाइट की अथॉरिटी बढ़ा सकें।


एसईओ के लाभ

* SEO किसी भी वेबसाइट या ब्लॉग की SERP रैंकिंग में सुधार कर सकता है।

* SEO की मदद से ब्लॉग पोस्ट को सर्च इंजन रिजल्ट पेज में सबसे ऊपर लाया जा सकता है।

* SEO करके ऑर्गेनिक ट्रैफिक को गूगल से ब्लॉग पर लाया जा सकता है।

SEO से ब्लॉग या वेबसाइट की अथॉरिटी बढ़ाई जा सकती है।


SEO Kaise Kare in Hindi (Video)

अगर आप seo करने के बारे में जानकारी प्राप्त करना चाहते है तो नीचे दिए गयी वीडियो देख सकते है।


मुझे उम्मीद है आप ऊपर दिए गयी वीडियो देखके जान गयी है की SEO Kaise Kare in Hindi.

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